रायपुर : उत्तर तटीय ओडिशा और पश्चिम बंगाल से उठे गहरे अवदाब के कारण छत्तीसगढ़ में मानसूनी आफत बढ़ गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने रायपुर, बिलासपुर, और महासमुंद सहित प्रदेश के कई हिस्सों में अगले 48 घंटों के दौरान भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मंगलवार को चांपा में सर्वाधिक 11 सेमी बारिश दर्ज की गई, जबकि राजधानी रायपुर में देर रात तक तेज बौछारें पड़ती रहीं। प्रशासन ने निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति को देखते हुए सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।
गहरे अवदाब का असर: 80 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
मौसम केंद्र रायपुर के अनुसार, वर्तमान में एक गहरा अवदाब उत्तर पश्चिम दिशा की ओर तेजी से बढ़ रहा है। अगले 24 घंटों में इसके उत्तर ओडिशा, दक्षिण झारखंड और उत्तर छत्तीसगढ़ पहुंचने की प्रबल संभावना है। इसके साथ ही मानसूनी द्रोणिका मध्य समुद्र तल पर अनूपगढ़, पिलानी, हमीरपुर और डाल्टनगंज होते हुए बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है। इस सिनोप्टिक सिस्टम के कारण महासमुंद, बलौदाबाजार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, बेमेतरा और मुंगेली जिलों में आकाशीय बिजली गिरने और 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की तूफानी रफ्तार से हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है।
बीते 24 घंटों का हाल: चांपा और जांजगीर में जलभराव की स्थिति
प्रदेश में अब तक मौसमी बारिश सामान्य से 18 प्रतिशत कम दर्ज की गई है, लेकिन इस नए वेदर सिस्टम से कमी पूरी होने के आसार हैं। पिछले 24 घंटों में प्रमुख शहरों में दर्ज की गई बारिश:
- चांपा: 11 सेंटीमीटर (सर्वाधिक)
- जांजगीर एवं अकलतरा: 9-9 सेंटीमीटर
- नगरी, मैनपुर, गुरूर, राधम एवं पिथौरा: 8-8 सेंटीमीटर
- रायपुर शहर: 5 सेंटीमीटर
प्रशासनिक सतर्कता और अधिकारियों का पक्ष
“मौसम विभाग के अलर्ट को देखते हुए सभी जिला आपदा प्रबंधन टीमों और नगर निगमों को मुस्तैद रहने का निर्देश दिया गया है। जलभराव वाले क्षेत्रों में नालों की सफाई और आपातकालीन निकासी के इंतजाम सुनिश्चित किए जा रहे हैं।”— कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी, रायपुर
आम नागरिकों पर प्रभाव और सुरक्षा संबंधी निर्देश
रायपुर में बुधवार (29 जुलाई) को दिनभर घने काले बादल छाए रहने और गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश का अनुमान है। शहर में अधिकतम तापमान 27°C और न्यूनतम तापमान 23°C रहने की संभावना है। उत्तर बस्तर कांकेर, धमतरी, बालोद, राजनांदगांव, गरियाबंद, कोरबा, जशपुर, कबीरधाम, सरगुजा और बलरामपुर सहित 20 से अधिक जिलों में 40 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे तेज आंधी और कड़कती बिजली के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें और बिना किसी आवश्यक कार्य के यात्रा करने से बचें।









































