रायपुर : छत्तीसगढ़ की राजनीति में आज जबरदस्त उथल-पुथल देखने को मिली। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को शराब घोटाले के मामले में ED (प्रवर्तन निदेशालय) ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी से पहले सुबह ईडी की टीम ने भूपेश बघेल के रायपुर स्थित बंगले पर दबिश दी थी और चैतन्य से पूछताछ की थी।
मेडिकल के बाद कोर्ट में किया गया पेश, मांगी गई रिमांड
ईडी ने चैतन्य बघेल को गिरफ्तारी के बाद मेडिकल जांच कराकर कोर्ट में पेश किया, जहां उनकी रिमांड की मांग की गई है। इस बीच, भूपेश बघेल विधानसभा की कार्यवाही बीच में छोड़कर सीधे कोर्ट पहुंचे। उनके साथ नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत और अन्य कांग्रेस विधायक भी मौजूद रहे।
बंगले के बाहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का हंगामा
गिरफ्तारी की खबर फैलते ही रायपुर स्थित बघेल निवास के बाहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ जुट गई। ईडी की गाड़ियों को रोकने की कोशिश की गई और जोरदार प्रदर्शन किया गया, लेकिन सुरक्षा के बीच ईडी की टीम चैतन्य को हिरासत में लेकर रवाना हो गई।
भूपेश बघेल का हमला – “अडानी के खिलाफ बोलने की सजा मिल रही”
पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने चैतन्य की गिरफ्तारी पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा –
“आज मेरे बेटे का जन्मदिन है, और आज ही ईडी ने उसे उठा लिया।
अडानी के खिलाफ बोलने वालों पर कार्रवाई होती है।
यह विपक्ष को डराने की रणनीति है।
पहले मेरे सलाहकारों और ओएसडी को निशाना बनाया गया, अब मेरे बेटे को।
लेकिन मैं साफ कहता हूं – ना डरेंगे, ना झुकेंगे, ना टूटेंगे।”
विपक्ष का समर्थन – “भारत में लोकतंत्र नहीं बचा”
नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने भी केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा –
“ईडी की कार्रवाई लोकतंत्र के खिलाफ है।
यह विपक्ष को दबाने की सुनियोजित साजिश है।
हम अडानी को पेड़ काटने की अनुमति देने के विरोध में स्थगन प्रस्ताव लाए थे,
इसलिए टारगेट किया गया।
लेकिन पूरा विपक्ष भूपेश बघेल और उनके परिवार के साथ खड़ा है।
हमें भारत की न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है।”
भाजपा की तीखी टिप्पणी – “बाप नंबरदार, बेटा दस नंबरदार”
वहीं भाजपा ने इस कार्रवाई पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा –
“बाप नंबरी, बेटा दस नंबरी।”
भाजपा नेताओं का कहना है कि जो भी भ्रष्टाचार में शामिल होगा, उस पर कार्रवाई तय है।





















