बिलासपुर : जिले में पीएससी (छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग) की तैयारी कर रहे दो छात्रों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने इलाके में सनसनी फैला दी है। सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के एक निजी हॉस्टल में युवक की लाश बंद कमरे में मिली, जबकि सीपत थाना क्षेत्र में एक युवती का शव फांसी के फंदे पर लटका हुआ पाया गया। पुलिस ने दोनों मामलों में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
हॉस्टल में मिली युवक की लाश-
सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के गोलू गुप्ता हॉस्टल में रहकर पीएससी की तैयारी कर रहे सूरजपुर निवासी 32 वर्षीय अमर प्रताप सिंह का शव मंगलवार को संदिग्ध परिस्थितियों में उनके कमरे में बिस्तर पर मिला। बताया जा रहा है कि रविवार के बाद से पड़ोसियों ने उन्हें नहीं देखा था। चिंतित साथी छात्रों ने दरवाजा खटखटाया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने पर उन्होंने कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
पुलिस ने दरवाजा तोड़कर कमरे में प्रवेश किया, जहां अमर प्रताप सिंह की लाश मिली। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मृतक के परिजनों को सूचित किया। अमर प्रताप सिंह शादीशुदा थे और उनका एक बच्चा भी है। मौत के कारणों का अभी तक पता नहीं चल सका है, और पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।
युवती ने फांसी लगाकर दी जान-
दूसरी घटना सीपत थाना क्षेत्र के नहरपारा की है, जहां पीएससी की तैयारी कर रही वीलिना सत्यार्थी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। वीलिना, सेवानिवृत्त बांगो परियोजना लेखापाल बीआर सत्यार्थी की सबसे छोटी बेटी थी। जानकारी के अनुसार, सोमवार को बीआर सत्यार्थी का परिवार बिलासपुर घूमने आया था और रात को अपने गांव लौट गया। घर पहुंचने के बाद वीलिना अपने कमरे में चली गई।
कुछ देर बाद परिजनों ने उसे खाना खाने के लिए बुलाया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। कमरे में जाकर देखा तो वीलिना फांसी के फंदे पर लटकी हुई थी। परिजनों ने उसे तुरंत फंदे से उतारकर बिलासपुर के सिम्स अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मामले पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं मामले को जांच में लिया है।





















