अंतागढ़ : छत्तीसगढ़ के अंतागढ़ थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए अपहृत नाबालिग बालिका को कुछ ही घंटों के भीतर सकुशल बरामद कर लिया। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 7 अप्रैल 2026 को पीड़िता के पिता ने थाना अंतागढ़ में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी नाबालिग पुत्री का अपहरण कर लिया गया है।
शिकायत में बताया गया कि आरोपी रंजन मिश्रा अपने दो साथियों के साथ जबरदस्ती बालिका को घर से उठाकर वाहन क्रमांक TS-08 HK-9889 में बैठाकर ले गया। आरोपियों का उद्देश्य पीड़िता से जबरन शादी करना था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय सूचना तंत्र की मदद से आरोपियों की तलाश शुरू की।
पुलिस की सक्रियता का ही परिणाम रहा कि कुछ ही घंटों के भीतर आरोपियों का सुराग मिल गया। पुलिस टीम ने केवटी के पास घेराबंदी कर आरोपियों को पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। इसके बाद 8 अप्रैल को तीनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।जांच में यह भी सामने आया कि पीड़िता कुछ महीने पहले काम के सिलसिले में हैदराबाद गई थी, जहां आरोपी रंजन मिश्रा भी उसी कंपनी में कार्यरत था।
वहीं दोनों की पहचान हुई थी। हैदराबाद से लौटने के बाद आरोपी लगातार पीड़िता को परेशान कर रहा था और उससे शादी करने के लिए दबाव बना रहा था। जब पीड़िता और उसके परिवार ने आरोपी के प्रस्ताव को ठुकरा दिया, तब उसने अपने साथियों के साथ मिलकर अपहरण की साजिश रची और घटना को अंजाम दिया। हालांकि पुलिस की त्वरित कार्रवाई के चलते उसका मंसूबा सफल नहीं हो सका।





















