रायपुर : मंदिर हसौद थाना क्षेत्र में पुलिस की मानवीय संवेदनशीलता और तत्परता का मामला सामने आया है। मोनेट रोड स्थित चिरकुतहीन माता मंदिर के पास सोमवार सुबह एक नवजात शिशु लावारिस अवस्था में मिला। सूचना मिलते ही डायल-112 की पुलिस टीम मौके पर पहुंची और नवजात को सुरक्षित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) मंदिर हसौद पहुंचाया।
जानकारी के अनुसार, 24 अगस्त 2026 की सुबह करीब 6:37 बजे डायल-112 पुलिस टीम को सूचना मिली कि मंदिर हसौद क्षेत्र के मोनेट रोड, चिरकुतहीन माता मंदिर के पास एक नवजात शिशु पड़ा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके के लिए रवाना हुई। पुलिस टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर देखा कि करीब 10 दिन का नवजात शिशु किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा वहां छोड़ दिया गया था। बच्चे को लावारिस हालत में देखकर पुलिसकर्मियों ने तत्काल मानवीय पहल करते हुए उसे सुरक्षित अपने वाहन से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मंदिर हसौद पहुंचाया।
अस्पताल में चिकित्सकों ने नवजात शिशु की जांच की। चिकित्सकीय परीक्षण के बाद बच्चे को शिशु वार्ड में सुरक्षित भर्ती कराया गया, जहां उसकी आवश्यक देखभाल की जा रही है। पुलिस की इस तत्पर कार्रवाई से नवजात को समय पर चिकित्सा सुविधा और सुरक्षा मिल सकी। इस मानवीय पहल में मंदिर हसौद टाइगर वन के पुलिसकर्मी आर. राजेश यादव और चालक टिकेंद्र साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही। दोनों ने सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर नवजात को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाने में तत्परता दिखाई।
इधर, पुलिस ने नवजात शिशु को मौके पर छोड़कर जाने वाले अज्ञात व्यक्ति की पहचान के लिए जांच शुरू कर दी है। घटना से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। साथ ही नवजात की सुरक्षा और उचित देखभाल सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभाग को भी आवश्यक सूचना दी गई है। रायपुर पुलिस की इस कार्रवाई ने एक बार फिर आपात स्थिति में डायल-112 टीम की त्वरित प्रतिक्रिया और मानवीय संवेदनशीलता को सामने रखा है।











































