दंतेवाड़ा : दंतेवाड़ा जिले से कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला एक मामला सामने आया है। यहां के डेगलरास और मेटनार के जंगलों में चल रहे जुए के बड़े फड़ का वीडियो वायरल हुआ है। जिसमें सिटी कोतवाली में पदस्थ एक पुलिसकर्मी और एक बर्खास्त एएसआई भी नजर आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो कुछ दिन पुराना है, लेकिन इसके सामने आते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। वीडियों वायरल होने के बाद अब पुलिस अधिकारी जांच के बाद कार्रवाई की दलील दे रहे है।
जानकारी के मुताबिक वीडियो में दिख रहे पुलिसकर्मी का नाम भुनेश्वर भंडारी है, जो कि वर्तमान में सिटी कोतवाली में पदस्थ है। वहीं उसके साथ बर्खास्त एएसआई गीता सिंह बंजारे भी दिखाई दे रहे हैं। बताया जा रहा है कि जंगल के भीतर तिरपाल के नीचे हर दिन जुए का फड़ सजता है, हर दिन जहां लाखों रुपए का दांव लगाया जा रहा है। स्थानीय सूत्रों के अनुसार इस फड़ में सिर्फ दंतेवाड़ा ही नहीं, बल्कि सुकमा, बीजापुर, बस्तर और बचेली-गीदम क्षेत्र से भी जुआरी पहुंच रहे हैं।
रोजाना दोपहर 2 बजे के बाद खेल शुरू होता है, जो देर रात तक चलता है। अनुमान है कि हर दिन करीब 10 लाख रुपए से अधिक का जुआ खेला जा रहा है। जबकि 15 मई के बाद यह रकम 40 से 50 लाख रुपए तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। हैरानी की बात यह है कि जिस जगह यह जुए का फड़ संचालित हो रहा है। वह सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र से काफी नजदीक बताया जा रहा है। बावजूद इसके इतने बड़े स्तर पर दिनदहाड़े अवैध गतिविधि का संचालित होना, पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहा है।
गौरतलब है कि पिछले दो दिनों में यह दूसरा वीडियो सामने आया है। इससे पहले वायरल हुए वीडियो में सिर्फ जुआरी नजर आए थे, लेकिन अब सामने आए नए वीडियो में पुलिसकर्मी की मौजूदगी ने मामले को और गंभीर बना दिया है। इस मामले में एएसपी आरके बर्मन ने कहा है कि वीडियो की जांच की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिले में अपराध को बढ़ने नहीं दिया जाएगा और चाहे कोई भी हो, कानून के तहत कार्रवाई जरूर होगी।
इधरए दो दिन पहले जब पहला वीडियो सामने आया था, तब पुलिस टीम मौके पर कार्रवाई के लिए पहुंची थी। लेकिन जुआरी पहले ही फरार हो गए थे। मौके से पुलिस को केवल ताश के पत्ते ही बरामद हुए थे। गौरतलब है कि दंतेवाड़ा जिले में लगातार सामने आ रहे वीडियो और उसमें पुलिसकर्मियों की कथित संलिप्तता ने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है। अब सबकी नजर पुलिस जांच और कार्रवाई पर टिकी है कि आखिर इस पूरे नेटवर्क के पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं और पुलिस इस पर कब तक एक्शन लेती है, ये तो आने वाला वक्त ही बतायेगा।





















