रायपुरः छत्तीसगढ़ में राज्यसभा की दो सीटों को लेकर हलचल तेज हो गई है। भाजपा और कांग्रेस दोनों बड़े राजनीतिक दल इन सीटों के लिए नामों पर मंथन कर रही है। इस बीच अब इसे लेकर नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि कांग्रेस इस बार छत्तीसगढ़ से अपने किसी वरिष्ठ नेता को राज्यसभा भेजेगी। उन्होंने कहा कि पिछली बार राज्य में कांग्रेस की सरकार होने के कारण पार्टी ने तीन नेताओं को राज्यसभा भेजा था, लेकिन इस बार परिस्थितियाँ अलग हैं। वर्तमान में कांग्रेस विपक्ष में है और ऐसे में राज्य के लोगों की आवाज को मजबूती से उठाने के लिए पार्टी अपने नेता को उच्च सदन में भेजना चाहती है।
महंत ने कहा कि अभी तक पार्टी ने कोई पैनल तैयार नहीं किया है। उम्मीदवार के नाम पर सर्वसम्मति से चर्चा कर निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने कहा, “हम कोई पैनल बनाकर बेवकूफ बनाकर काम नहीं करते, जैसा भाजपा कर रही है। हमारे यहां सर्वानुमति से चर्चा के बाद फैसला होता है।” नेता प्रतिपक्ष ने यह भी कहा कि प्रदेश की जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए ऐसा प्रतिनिधि चुना जाएगा जो राज्य के मुद्दों को प्रभावी ढंग से राज्यसभा में उठा सके।
भाजपा नेता ने भेजा इन नामों का पैनल
इधर भाजपा भी राज्यसभा सीटों के लिए तैयारियों में जुट गई है। भाजपा ने दावेदारों के नामों का पैनल बनाकर हाईकमान को भेज दिया है। भाजपा की ओर हाईकमान को भेजे गए प्रस्ताव में नवीन मार्कंडेय, कृष्णमूर्ति बांधी और किरण बघेल, गौरीशंकर अग्रवाल, प्रबल प्रताप जूदेव और सरोज पांडे और पूर्व नेता प्रतिपक्ष नारायण सिंह चंदेल का नाम शामिल किया गया है।
10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों के लिए चुनाव
बता दें कि भारत निर्वाचन आयोग ने बुधवार 18 फरवरी को 10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम जारी किया था। इनमें महाराष्ट्र, ओडिशा, तेलंगाना, तमिलनाडु, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, असम, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और बिहार सीटें भी शामिल है। ये सीटें अप्रैल 2026 में खाली हो रही हैं। घोषित कार्यक्रम के अनुसार, इन 37 सीटों के लिए 16 मार्च को मतदान कराया जाएगा और परिणाम भी उसी दिन घोषित किए जाएंगे। बता दें कि छत्तीसगढ़ में दो सीटों पर राज्यसभा का चुनाव होना है।






















