कोरबा : छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां बागेश्वर धाम के कथा कार्यक्रम के दौरान चेन स्नेचिंग की कई घटनाओं ने श्रद्धालुओं और प्रशासन दोनों को चौंका दिया है। बांकीमोंगरा थाना क्षेत्र के ढपढप गांव में चल रहे इस बड़े धार्मिक आयोजन के बीच चार महिलाओं के साथ चेन स्नेचिंग की वारदात हुई, जिससे कार्यक्रम में शामिल लोगों के बीच भय और असुरक्षा का माहौल बन गया।
घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांच संदिग्ध महिलाओं को हिरासत में लिया है। पूछताछ के दौरान एक महिला के पास से चोरी की चेन भी बरामद की गई है। पुलिस का कहना है कि अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है और मामले में जल्द ही और खुलासे हो सकते हैं। बताया जा रहा है कि यह कार्यक्रम काफी बड़े स्तर पर आयोजित किया गया था, जिसमें हजारों श्रद्धालु शामिल हुए थे। सुरक्षा के लिहाज से प्रशासन ने करीब 500 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए थे, वहीं लगभग 150 बाउंसर भी लगाए गए थे।
इसके अलावा, पूरे आयोजन स्थल पर 64 सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए थे। इसके बावजूद इस तरह की घटनाओं का होना सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भीड़ का फायदा उठाकर चेन स्नेचरों ने वारदात को अंजाम दिया। कई महिलाओं ने अपनी चेन चोरी होने की शिकायत की, जिसके बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद श्रद्धालुओं में डर का माहौल है और कई लोग कार्यक्रम में शामिल होने से हिचकिचा रहे हैं। इस पूरे घटनाक्रम के बीच बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बयान भी चर्चा में है।
उन्होंने मंच से धर्मांतरण के मुद्दे पर टिप्पणी करते हुए कहा कि “भटके हुए लोगों की घर वापसी कराई जाएगी” और “अब ऐसे खेल नहीं चलेंगे।” उनके इस बयान ने कार्यक्रम को और अधिक चर्चा में ला दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच जारी है और अन्य संदिग्धों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। साथ ही, आयोजन समिति और सुरक्षा व्यवस्था में लगे अधिकारियों से भी पूछताछ की जा रही है कि इतनी बड़ी संख्या में सुरक्षा बल होने के बावजूद यह घटना कैसे हो गई।






















