सूरजपुर : जिले के चर्चित प्रताड़ना और गैर इरादतन हत्या मामले में अदालत ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए मृत युवक के पिता और भाई को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोनों आरोपियों को 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
साथ ही प्रत्येक आरोपी पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। इस फैसले के बाद इलाके में मामले को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। यह मामला मई 2024 का है, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था। आरोप था कि पारिवारिक विवाद और कथित अनुशासन के नाम पर युवक को उसके ही पिता और भाई ने पेड़ पर उल्टा लटका दिया था। युवक को घंटों तक उसी हालत में रखा गया और उसके साथ मारपीट भी की गई। घटना की जानकारी सामने आने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी।
बताया गया था कि युवक करीब 24 घंटे तक पेड़ पर उल्टा लटका रहा। लगातार प्रताड़ना और शारीरिक यातना के कारण उसकी हालत बिगड़ती चली गई। बाद में गंभीर स्थिति में उसे नीचे उतारा गया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। इलाज के दौरान युवक की मौत हो गई थी। घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच के दौरान पुलिस को कई अहम साक्ष्य मिले थे। प्रत्यक्षदर्शियों के बयान, मेडिकल रिपोर्ट और अन्य परिस्थितिजन्य तथ्यों के आधार पर पुलिस ने मृतक के पिता और भाई को आरोपी बनाया था।
मामला अदालत में पहुंचने के बाद अभियोजन पक्ष ने इसे गंभीर प्रताड़ना और गैर इरादतन हत्या का मामला बताते हुए कड़ी सजा की मांग की थी। सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि आरोपियों द्वारा युवक के साथ अमानवीय व्यवहार किया गया और उनकी प्रताड़ना के कारण ही उसकी मौत हुई। अदालत ने इसे गंभीर अपराध मानते हुए दोनों आरोपियों को दोषी ठहराया। न्यायालय ने अपने फैसले में कहा कि किसी भी परिस्थिति में कानून को हाथ में लेने और इस प्रकार की क्रूरता को स्वीकार नहीं किया जा सकता।
कोर्ट ने दोनों आरोपियों को 10-10 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाने के साथ 10-10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माना नहीं भरने की स्थिति में अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। इस मामले का फैसला आने के बाद क्षेत्र में इसे एक महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय माना जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह फैसला समाज में इस तरह की हिंसक और अमानवीय घटनाओं के खिलाफ सख्त संदेश देगा। वहीं, मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने अदालत के फैसले का स्वागत किया है।





















