Big Breaking : गुजरात के अहमदाबाद और आसपास के इलाकों में बुधवार सुबह (17 दिसंबर 2025) कई निजी स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी भरे ईमेल मिले। इसके बाद राज्य में हड़कंप मच गया। रिपोर्ट्स के अनुसार, कम से कम 9 से 12 स्कूलों को एक जैसे धमकी भरे मेल आए। ईमेल में दोपहर 1:11 बजे विस्फोट की चेतावनी दी गई थी, साथ ही ‘अहमदाबाद ब्लास्ट स्कूल से साबरमती जेल तक’ जैसे वाक्य और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को निशाना बनाने की धमकी शामिल थी। कुछ मेल्स में खालिस्तानी रेफरेंडम का भी जिक्र था। आइए जानते हैं किन स्कूलों को मिली धमकी?
प्रभावित स्कूलों की सूची धमकी मिलने वाले प्रमुख स्कूलों में शामिल हैं:-
जेबर स्कूल (थलतेज)
ज़ाइडस स्कूल (वेजलपुर)
महाराजा अग्रसेन विद्यालय (गुरुकुल रोड)
डीएवी इंटरनेशनल स्कूल (मकरबा)
उद्गम स्कूल (थलतेज)
अहमदाबाद इंटरनेशनल स्कूल (वस्त्रपुर)
निर्माण स्कूल (वस्त्रपुर)
अन्य स्कूल गांधीनगर और कलोल क्षेत्र में
कुछ रिपोर्ट्स में डीपीएस बोपाल और ट्यूलिप इंटरनेशनल का भी जिक्र है, लेकिन मुख्य फोकस अहमदाबाद पर रहा।
तुरंत कार्रवाई: स्कूल खाली, तलाशी अभियान
धमकी मिलते ही स्कूल प्रशासन ने अभिभावकों को मैसेज भेजकर बच्चों को घर ले जाने को कहा। कई स्कूलों में क्लासेस रद्द कर दी गईं और छात्रों को सुरक्षित निकाला गया। पुलिस, बम निरोधक दस्ता (BDS), डॉग स्क्वॉड, फायर ब्रिगेड और क्राइम ब्रांच की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। क्लासरूम, प्लेग्राउंड और पूरे परिसर की गहन तलाशी ली गई। अब तक कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है। अहमदाबाद क्राइम ब्रांच के जॉइंट कमिश्नर शरद सिंघल ने कहा, ‘सभी जरूरी सावधानियां बरती जा रही हैं। साइबर टीम ईमेल के सोर्स को ट्रेस कर रही है।’
अभिभावकों में दहशत: ‘बच्चे को तुरंत घर ले आए’
एक अभिभावी वैशालीबेन रावल ने बताया, ‘स्कूल से मैसेज आया कि बच्चे को घर ले जाएं। हम तुरंत पहुंचे तो पता चला बम धमकी का ईमेल आया है। स्कूलों को निशाना बनाना बहुत डरावना है।’ कई पैरेंट्स स्कूल गेट पर पहुंचे और बच्चों को लेकर घर लौटे।
जांच और संदेह: फेक धमकी की आशंका
पुलिस का मानना है कि यह धमकी फेक हो सकती है, जैसी पहले दिल्ली, बेंगलुरु और अमृतसर में हुईं। साइबर क्राइम टीम IP एड्रेस ट्रेस कर रही है। गृह मंत्री अमित शाह का लोकसभा क्षेत्र होने से मामला और संवेदनशील है। जांच जारी है, फिलहाल खतरा टला लग रहा है। ऐसी घटनाएं बच्चों और अभिभावकों में डर पैदा करती हैं। पुलिस ने अपील की कि अफवाहें न फैलाएं। सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।






















